Breaking News

आज दिनांक 25/01/2022 को अपराह्न 01.00 बजे स्नातक तृतीय खण्ड का ऑनलाइन सत्रारंभ माननीय कुलपति महोदय की अध्यक्षता में आयोजित किया गया। इस ऑनलाइन आयोजन में प्रति कुलपति प्रोफ़ेसर डॉली सिन्हा, सभी संकायाध्यक्ष, विभागाध्यक्ष, प्रधानाचार्य, विषय संयोजक, विकास पदाधिकारी, डी डी ई डायरेक्टर, शिक्षक, निदेशक डबल्यू आई टी, मीडियाकर्मी, तकनीकी सहायक तथा भारी संख्या में छात्र गण सम्मिलित हुए। कार्यक्रम के संयोजक डॉ महेश प्रसाद सिन्हा ने सभी का स्वागत करते हुए कार्यक्रम का शुभारंभ किया। वर्गारंभ की शुरुआत डॉ महेश प्रसाद सिन्हा द्वारा हिन्दी विषय से की गई। प्रोफेसर डॉली सिन्हा, प्रतिकुलपति ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय दरभंगा ने कहा कि इस साल के केंद्रीय बजट में डिजिटलीकरण पर जोर दिया गया है। उन्होंने आज के दौर में युवाओं को रोजगारोन्मुख बनाने के लिए कौशल विकास की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने छात्रों के लिए बिहार के डिजीटल प्लेटफार्म को उन्नत बनाने पर बल दिया। संबोधन के दौरान उन्होंने नैक की अनिवार्यता पर प्रकाश डाला तथा पी. ए. सी. (नैक) के सन्दर्भ का उल्लेख करते हुए यू.जी. सी. के चेयरमैन एम. जगदेश कुमार, जो पूर्व में जेएनयू के कुलपति थे उनके वक्तव्य को उद्धृत करते हुए प्रति कुलपति महोदया ने कहा कि नैक के ग्रेडिंग में डिजिटलीकरण एक अत्यंत महत्वपूर्ण मानदंड है। इस अवसर पर विज्ञान संकायाध्यक्ष प्रो. बिमलेंदु शेखर झा ने डिजिटल मध्यम के प्रेरणास्रोत कुलपति एवं प्रति-कुलपति को विशेष रूप से बधाई दी। स्नातक खंड तीन के वर्गारंभ पर उन्होंने खुशी जाहिर करते हुए ऑनलाइन वर्ग के महत्व को रेखांकित किया । ऑनलाइन माध्यम में जुड़ने के लिए बधाई दी तथा इसकी सफलता के लिए संयोजक सीसीडीसी डॉ. महेश प्रसाद सिन्हा के साथ सभी विषय समन्वयकों एवं शिक्षकों को हार्दिक बधाई दी।


मानविकी संकायाध्यक्ष, प्रो. रमण झा ने कहा कि कोरॉना के संकटकाल में शुरू किया गया ऑनलाइन वर्ग ने शिक्षक तथा छात्रों के बीच एक विशेष संबंध कायम किया है। बाजार और बैंकिंग प्रणाली के बाद अब शिक्षा जगत में भी ऑनलाइन माध्यम को आत्मसात किया जा रहा है।इससे समय की बचत तथा टूल्स के उपयोग करने की क्षमता विकसित हुई है और छात्रों एवं शिक्षकों के बीच इंटर- एक्शन विकसित हुआ है।
निदेशक, डब्ल्यू.आई. टी. सह वाणिज्य संकायाध्यक्ष प्रो. बी. बी. एल. दास ने अपने उद्बोधन में कहा की यह हमारे लिए स्वर्णिम अवसर है, शिक्षकों की कमी तथा परीक्षा के कारण उत्पन्न अवरोधों को डिजिटल वर्ग के माध्यम से समाप्त किया जा सकता है और बेहतर इन्फ्रास्ट्रक्चर विकसित किया जा सकता है। इस अवसर पर भौतिकी विज्ञान के विभागाध्यक्ष प्रो. अरुण कुमार ने वर्तमान में चल रहे ऑनलाईन वर्ग की सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त की तथा स्नातक खण्ड -3 के वर्गारम्भ पर शुभकामना व्यक्त की। उक्त अवसर पर ऊर्जावान व्यक्तित्व के धनी निदेशक, प्रो. अशोक कुमार मेहता ने ऑनलाइन वर्ग की सकारात्मक सार्थकता तथा छात्रों पर पड़े अनुकूल प्रभाव पर प्रकाश डालते हुए माननीय कुलपति, प्रतिकुलपति एवम् संयोजक, विषय समन्वयकों, शिक्षकों तथा छात्रों को साधुवाद दिया। कार्यक्रम समापन पर विकास पदाधिकारी डॉ. सुरेन्द्र कुमार ने सबों को धन्यवाद ज्ञापित किया।