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दरभंगा, 8 अप्रैल गैस की किल्लत दूर करने, रसोई गैस की कीमतों में हुई वृद्धि वापस लेने तथा गैस की कालाबाजारी पर रोक लगाने की मांग को लेकर सीपीआई (एम) की ओर से जन आक्रोश मार्च निकाला गया। इस मार्च में महिलाओं की संख्या उल्लेखनीय रूप से अधिक रही।

यह मार्च पोलो मैदान से शुरू होकर आयुक्त कार्यालय, दरभंगा समाहरणालय, लहेरियासराय टावर, लोहिया चौक होते हुए पुनः पोलो मैदान पहुंचा, जहां धरना स्थल पर सभा का आयोजन किया गया। सभा की अध्यक्षता सीपीआई (एम) जिला सचिव मंडल सदस्य दिनेश झा ने की।

सभा को संबोधित करते हुए सीपीआई (एम) राज्य सचिव मंडल सदस्य श्याम भारती ने कहा कि पूरे जिले में रसोई गैस की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई है। लोग कई-कई दिनों तक लाइन में लगते हैं, फिर भी उन्हें गैस की आपूर्ति नहीं हो पा रही है, जिससे आम लोगों में भारी आक्रोश है। रसोई गैस की कीमतों में वृद्धि ने भी आम जनता को प्रभावित किया है।

वहीं दूसरी ओर गैस की कालाबाजारी भी जारी है। प्रशासन द्वारा यह कहा जा रहा है कि गैस की कोई कमी नहीं है, लेकिन वास्तविकता यह है कि आम लोगों को लगातार गैस की किल्लत का सामना करना पड़ रहा है।

उन्होंने मांग की कि ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में गैस की होम डिलीवरी सुनिश्चित की जाए तथा गैस की कालाबाजारी पर तत्काल रोक लगाई जाए।

जिला सचिव अविनाश ठाकुर ‘मंटू’ ने कहा कि जिला प्रशासन प्रतिदिन मीडिया के माध्यम से गैस की कोई कमी नहीं होने की बात कहता है, लेकिन इसके विपरीत लोगों को गैस की आपूर्ति नहीं हो रही है। उन्होंने कहा कि यदि गैस की होम डिलीवरी व्यवस्था सही रहती, तो बहादुरपुर थाना क्षेत्र के मिर्जापुर देकुली निवासी जगदीश सहनी के पुत्र कुमार जी सहनी (उम्र लगभग 25 वर्ष) की मृत्यु नहीं होती।

उन्होंने बताया कि कुमार जी सहनी कई दिनों से आर.जे. भवानी एचपी गैस एजेंसी के गोदाम का चक्कर लगा रहे थे, लेकिन उन्हें गैस नहीं मिल रही थी। आज सुबह लगभग 4 बजे गैस लेने जाने के दौरान सड़क दुर्घटना में उनकी मौत हो गई। उन्होंने इस घटना के लिए आर.जे. भवानी एचपी गैस एजेंसी के मालिक को जिम्मेदार ठहराते हुए कार्रवाई की मांग की।

सभा में प्रस्ताव पारित कर 14 अप्रैल को बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर जयंती के अवसर पर “संविधान बचाओ, लोकतंत्र बचाओ” अभियान के तहत सभी गांवों में जयंती मनाने तथा गैस किल्लत के खिलाफ एवं फसल क्षति अनुदान की मांग को लेकर 20 अप्रैल को सभी प्रखंड एवं अंचल कार्यालयों पर विरोध प्रदर्शन आयोजित करने का निर्णय लिया गया।

सभा को गोपाल ठाकुर, नीरज कुमार, वीरेंद्र पासवान, मुकेश पोद्दार, तबस्सुम, आरती देवी, घनश्याम पासवान एवं गंगा पासवान ने भी संबोधित किया।