Breaking News

बिहार निजी विद्यालय (शुल्क विनियमन) अधिनियम-2019” का पालन सुनिश्चित करने का दिया गया निर्देश*

#MNN24X7 दरभंगा, 08 अप्रैल जिला पदाधिकारी श्री कौशल कुमार ने आदेश जारी करते हुए कहा कि दरभंगा जिला के अन्तर्गत संचालित निजी विद्यालयों द्वारा छात्रों एवं उनके अभिभावकों से प्रवेश शुल्क, ट्यूशन शुल्क, विकास शुल्क, वार्षिक शुल्क सहित अन्य विभिन्न मदों में मनमाने तरीके से शुल्क वसूले जाने की शिकायतें जिला प्रशासन को प्राप्त हुई हैं। इस पर संज्ञान लेते हुए प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है।

ज्ञातव्य है कि राज्य सरकार द्वारा निजी विद्यालयों में शुल्क निर्धारण को पारदर्शी एवं नियंत्रित करने तथा छात्रों के हितों की रक्षा के “बिहार निजी विद्यालय (शुल्क विनियमन) अधिनियम-2019” लागू किया गया है।
इस अधिनियम के तहत विद्यालयों को सभी प्रकार के शुल्क –
जैसे प्रवेश, पुनर्नामांकन, मासिक शुल्क, विकास शुल्क, वार्षिक शुल्क आदि का स्पष्ट निर्धारण कर, उसे विद्यालय के सूचना पट्ट एवं वेबसाइट पर प्रकाशित करना अनिवार्य है।
आदेश में बताया गया कि अधिनियम के अनुसार, किसी भी निजी विद्यालय को पूर्व शैक्षणिक वर्ष की तुलना में अधिकतम 07 प्रतिशत तक ही शुल्क वृद्धि करने की अनुमति है। इससे अधिक वृद्धि के लिए शुल्क विनियमन समिति की पूर्व स्वीकृति आवश्यक होगी।

आदेश में कहा गया कि विद्यालयों को कक्षावार पुस्तकों एवं ड्रेस की सूची भी सार्वजनिक करनी होगी तथा अभिभावकों को कहीं से भी पुस्तक, कॉपी, यूनिफॉर्म आदि खरीदने की स्वतंत्रता होगी। *किसी विशेष दुकान से खरीद के लिए बाध्य करना दंडनीय होगा।

शिकायतों के निष्पादन के लिए अधिनियम में शुल्क विनियमन समिति का गठन किया गया है, जिसके अध्यक्ष प्रमंडलीय आयुक्त होंगे। समिति को शिकायतों की जाँच एवं सुनवाई का अधिकार प्राप्त है।

अभिभावक शुल्क वृद्धि के 30 दिनों के भीतर अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं।

इसके अतिरिक्त, अधिनियम के अन्तर्गत विद्यालयों के खातों का नियमित संधारण एवं प्रत्येक वित्तीय वर्ष में चार्टर्ड अकाउंटेंट द्वारा ऑडिट कराना अनिवार्य किया गया है। प्रावधानों के उल्लंघन की स्थिति में प्रथम अपराध पर 01 लाख रुपये तथा पुनरावृत्ति पर 02 लाख रुपये तक के दंड का प्रावधान है।

जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि दरभंगा जिले में संचालित सभी निजी विद्यालय उक्त अधिनियम के प्रावधानों का अक्षरशः पालन सुनिश्चित करें।

इस संबंध में जिला शिक्षा पदाधिकारी, दरभंगा को आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है, ताकि छात्रों एवं अभिभावकों के हितों की पूर्ण सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।