#MNN@24X7 दरभंगा, 10 फरवरी। जिलाधिकारी दरभंगा राजीव रौशन की अध्यक्षता में भूमि-विवाद से संबंधित मामले एवं मद्यनिषेध अभियान को लेकर जिलाधिकारी के कार्यालय कक्ष में बैठक आयोजित की गई।
    
बैठक में जिलाधिकारी ने सभी अंचलाधिकारी एवं थानाध्यक्ष को भूमि-विवाद से संबंधित मामलों के निष्पादन में तेजी लाने का निर्देश दिए।
    
उन्होंने कहा कि जितने भी कर्मचारी हैं उनका कार्यालय कहां चलता है, इसकी सूचना उनके मोबाइल नंबर के साथ जन संपर्क विभाग के माध्यम से प्रकाशित करायी जाए ताकि, भूमि का अभिलेख कहाँ रखा जाता है, यह पता चल सके।
    
उन्होंने कहा कि यदि किसी भी कर्मचारी के द्वारा नाजायज मुंशी रखने की जानकारी मिलेगी तो उनके विरूद्ध बर्खास्तगी तक की कार्रवाई की जाएगी।
    
उन्होंने कहा कि कुछ लोग जान बूझकर निजी लाभ के लिए जमीनी विवाद उत्पन्न करते रहते हैं और उसमें कहीं न कहीं तथाकथित नाजायज मुंशी का भी योगदान रहता है।
    
मद्यनिषेध अभियान की समीक्षा के दौरान उन्होंने सभी थानाध्यक्ष को होली पर्व के मद्देनजर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए।
    
उन्होंने कहा कि इन अवसरों पर वैकल्पिक नशा यथा- गांजा, भांग, अफीम,नशीली दवा का भी प्रयोग किया जाता है। इन तथ्यों पर भी नजर रखी जाए इसके लिए पंचायती राज संस्थान की भी मदद ली जा सकती है।
    
यदि कहीं से शराब रखने या बनाने की कोई सूचना मिलती है तो, उस पर कार्रवाई होनी चाहिए, नहीं तो सूचना देने वाले हतोत्साहित होते हैं और अगली बार से सूचना देना आवश्यक नहीं समझेंगे, इसके साथ ही सूचना देनेवाले का नाम बिल्कुल गुप्त रखा जाए।
    
उन्होंने कहा कि जप्त शराब की विनिष्टिकरण में विलंब नहीं किया जाना चाहिए, विनिष्टिकरण का आदेश जिला से तीन से चार दिनों के अंदर दे दी जाती है।
    
उन्होंने सभी अंचलाधिकारी एवं थानाध्यक्ष को अपने कर्मियों/चौकीदारों का भी प्रोफाइल खंगालने के निर्देश दिए और कहा कि हो सकता है कि वे खुद लिप्त नहीं हो लेकिन उनके सगे संबंधी नशे के कारोबार में लिप्त हो ऐसे कर्मियों की जानकारी मिलने पर उनके विरुद्ध कार्रवाई की जाए।
    
उन्होंने उत्पाद अधीक्षक को नियमित छापेमारी करते रहने के निर्देश दिए।
    
बैठक में अपर समाहर्ता-सह-अपर जिला दंडाधिकारी राजेश झा राजा, उप निदेशक जन संपर्क नागेंद्र कुमार गुप्ता, उत्पाद अधीक्षक ओम प्रकाश एवं संबंधित पदाधिकारी गण उपस्थित थे।