#MNN24X7 दरभंगा. मिथिला विश्वविद्यालय ने महाराजा कामेश्वर सिंह धार्मिक न्यास को 37 वर्षों बाद रुद्र कला भवन वापस सौंप दिया. 1986 में ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय ने यह भवन महाराजा कामेश्वर सिंह धार्मिक न्यास से किराए पर लिया था. बाद में किराये की रकम नहीं चुकता करने के कारण 1989 में महाराजा कामेश्वर सिंह धार्मिक न्यास ने यह भवन वापस लेने के लिए अदालत का दरवाजा खटखटाया.

आज माननीय न्यायालय के टाइटल वाद संख्या 19/1989 में दिनांक 28/01/2026 को पारित माननीय न्यायालय (sub judge 11) दरभंगा के आदेश के आलोक में आज दिनांक 31/01/2026 को संगीत एवं नाट्य विभाग, ला० ना० मिथिला विश्वविद्यालय के अंतर्गत अबतक चार कमरे, एक प्रेक्षा गृह, राज दरभंगा के इस मामले में प्राधिकृत पक्षकार श्री ईश नाथ झा संदर्भ ज्ञापांक 68/2026 दिनांक 28/01/2026 अपर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी 11 दरभंगा, को सुपुर्द किया गया.

आज दिनांक 31/01/2026 के अपराह्न 1:25 में माननीय न्यायालय के आदेश के अनुपालन में संदर्भित परिसंपति के हस्तांतरण की पूरी कार्रवाई प्रभारी कुलसचिव , भू सम्पदा पदाधिकारी, ला० ना० मिथिला विश्वविद्यालय दरभंगा, एवं श्री ईष नाथ झा, कार्यकाल प्रभारी, कामेश्वर धार्मिक न्यास , राज दरभंगा , श्री प्रियांशु राज प्रभारी भू सम्पदा पदाधिकारी एम के एस एम राज दरभंगा, के मध्य सम्पन्न हुआ. जिला पदाधिकारी के दरभंगा कार्यकाल ज्ञापांक – 383/ जी० विधि , दिनांक 31/01/2026 के आलोक में टाईटल वाद संख्या 19/1989 में पारित आदेश के आलोक में दोनों पक्षों के बीच संपत्ति का सफल हस्तांतरण पारदर्शी तरीके से एवं शांतिपूर्ण ढंग से पुलिसबल के उपस्थिति में सम्पन्न हुआ.

माननीय न्यायालय में पदस्थापित नज़ीर यदुनंदन रॉय इस मौके पर उपस्थित रहे सब ने अपने हस्ताक्षर किये। इस कार्यक्रम में राज दरभंगा के प्रबंधक सह सचिव आशुतोष दत्ता, संतोष सिंह, विजय चौधरी (के आर टी) बबलू, राजीव प्रकाश मधुकर,अशोक मंडल, राजू मंडल, सुभाष यादव,साईं निरुपम, रंजन शर्मा, मनोज साह, अमित सिंह आदि सैकड़ों की संख्या में लोग उपस्थित थे।