#MNN@24X7 दरभंगा, 15 मार्च, मुख्य सचिव, बिहार के निर्देश के आलोक में जिलाधिकारी राजीव रौशन द्वारा आज हनुमाननगर प्रखण्ड के मोरो पंचायत का भ्रमण कर वहां संचालित विभिन्न सरकारी योजनाओं का निरीक्षण किया गया।
    
जिलाधिकारी ने निरीक्षण के दौरान सर्वप्रथम आंगनबाड़ी केंद्र संख्या- 73 (चांदी) में आंगनवाड़ी सेविका/सहायिका उपस्थिति थी, तथा बच्चे भी उपस्थित पाए गए। पोषण कार्यक्रम के तहत वितरण किए जाने वाले चावल, दाल एवं सूखा सब्जी के संबंध में स्थानीय लाभुकों द्वारा शिकायत की गई, आंगनबाड़ी केंद्र में साफ-सफाई का भी अभाव पाया गया।
      
जिलाधिकारी बाल विकास परियोजना पदाधिकारी हनुमाननगर को उक्त केंद्र की विस्तृत जांच कर एवं सेविका/ सहायिका से स्पष्टीकरण प्राप्त कर अग्रेतर कार्रवाई करते हुए प्रतिवेदन देने हेतु निर्देशित किया गया। साथ ही उक्त केंद्र पर अपने पर्यवेक्षण में पोषाहार वितरण करवाने का भी निर्देश दिया गया।
    
स्थानीय नागरिकों द्वारा उक्त पंचायत के अशोक झा जन वितरण प्रणाली विक्रेता के संबंध में भी काफी लोगों की शिकायत मिली जिसमें कम अनाज देने की बात प्रकाश में आई।
     
जिलाधिकारी ने प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी हनुमाननगर को विस्तृत जांच कर प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का निर्देश दिए।
   
पंचायत कृषि भवन में संचालित नवसृजित प्राथमिक विद्यालय चांदी टोल का भी निरीक्षण किया गया, जिसमें नामांकित 101 बच्चों में मात्र 51 बच्चे उपस्थित बताए गए तथा कुल 4 शिक्षक/शिक्षिकाओं में एक प्रशिक्षण में बाहर रहने एवं तीन उपस्थित पाए गए।
     
वार्ड नंबर 15 में नल जल बंद पाया गया, पूछ-ताछ करने पर अनुरक्षक के विवाद के कारण बाधित बताया गया, जिसका तुरंत समाधान करने हेतु स्थल पर उपस्थित मुखियाजी एवं जिला पंचायती राज पदाधिकारी को निर्देश दिया गया, तथा वार्ड नंबर 14 एवं 13 में नल जल चालू पाया गया।
     
उच्च माध्यमिक विद्यालय मोरो का निरीक्षण किया गया, निरीक्षण के दौरान पाया गया कि एक ही परिसर में वर्ग 1 से 10 तक की पढ़ाई होती है, परंतु मात्र सात शिक्षक पदस्थापित हैं। उसी परिसर में बुनियादी विद्यालय एवं प्राथमिक विद्यालय भी संचालित है। विद्यालय की चाहरदीवारी पुरानी एवं कम ऊंचाई की पाई गई।
    
एनटीपीसी द्वारा चार शौचालय निर्मित पाया गया जो रख-रखाव के अभाव में सही ढंग से संचालित नहीं था, शिकायत मिली कि इसे हमेशा बंद रखा जाता है।
मध्यान्ह  योजना के अंतर्गत भोजन की आपूर्ति में भी अनियमितता की शिकायत मिली।
    
प्रधानाध्यापक के द्वारा बच्चे के नामांकन नहीं करने की भी शिकायत मिली, निरीक्षण के दौरान विद्यालय की स्थिति खराब पाई गई। यह भी शिकायत मिली कि प्रभारी प्रधानाध्यापक के पति द्वारा स्कूल के बगल में निजी विद्यालय संचालित किए जाने के कारण इस विद्यालय की ओर प्रधानाध्यापिका द्वारा कोई ध्यान नहीं दिया जाता है।
    
जिलाधिकारी द्वारा स्थल पर उपस्थित प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी को निर्देशित किया गया कि प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी को इस विद्यालय में तत्काल प्रतिनियुक्त की जाए जो प्रतिदिन विद्यालय में उपस्थित रहकर विद्यालय के नियमित संचालन एवं मध्यान्ह भोजन योजना की निगरानी करेंगे साथ ही प्रशासनिक दृष्टिकोण से प्रभारी प्रधानाध्यापक का स्थानांतरण कर नियमानुसार करवाई करने हेतु निर्देश दिया गया।
    
पंचायत के वार्ड नंबर-8 में जन वितरण विक्रेता गुड़िया कुमारी की दुकान का निरीक्षण किया गया जहां संतोषजनक स्थिति पाया गया।
   
अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, मोरो का निरीक्षण किया गया, जहां एक चिकित्सक एवं चार पारा मेडिकल स्टाफ उपस्थित पाए गए। परंतु कुछ स्थानीय नागरिकों की शिकायत थी कि चिकित्सक/स्टाफ प्रतिदिन उपस्थित नहीं रहते हैं। आज की तिथि में कुल मात्र 18 मरीज पंजीकृत पाए गए।
     
जिलाधिकारी द्वारा शिकायत के आलोक में सिविल सर्जन दरभंगा को जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया।