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#MNN24X7 दरभंगा, सोमवार: जिले के बलभद्रपुर ब्रह्मस्थान में भगवान परशुराम का जन्मोत्सव श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ धूमधाम से मनाया गया। प्राचीन ब्रह्मस्थान परिसर में विशेष रूप से सजे मंडप में वैदिक रीति-रिवाजों के साथ पूजा-अर्चना का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं ने भाग लेकर आशीर्वाद प्राप्त किया।

कार्यक्रम की शुरुआत भगवान परशुराम के चित्र पर माल्यार्पण के साथ हुई। इसके बाद विद्वान पंडितों के निर्देशन में मुख्य जजमान गगन झा ने विधि-विधान से पूजा, हवन और मंत्रोच्चार किया। पूरे परिसर में भजन-कीर्तन की गूंज से भक्तिमय वातावरण बन गया।

इस अवसर पर मुख्य जजमान गगन झा ने बताया कि यह आयोजन वर्षों पुरानी परंपरा का हिस्सा है, जिसे हर वर्ष श्रद्धा के साथ निभाया जाता है। उन्होंने कहा कि भगवान परशुराम के आदर्श आज भी समाज को धर्म और न्याय के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हैं।

कार्यक्रम में ब्राह्मण महासभा के प्रदेश अध्यक्ष रंजीत झा ने अपने संबोधन में कहा कि भगवान परशुराम आताताइयों के विनाशक और धर्म के रक्षक थे। उनका जीवन समाज को सत्य और न्याय की राह पर चलने का संदेश देता है। वहीं, ब्राह्मण फेडरेशन के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष उदयशंकर चौधरी ने कहा कि मिथिला क्षेत्र में परशुराम जयंती का विशेष महत्व है और यह पर्व सामाजिक समरसता का प्रतीक है।

उन्होंने सरकार से इस प्रकार के पारंपरिक आयोजनों को बढ़ावा देने के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग भी की। साथ ही युवाओं से भगवान परशुराम के तप, त्याग और अनुशासन से प्रेरणा लेने का आह्वान किया।

कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, गणमान्य नागरिकों एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की उपस्थिति रही। अंत में प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ, जहां भक्त प्रसन्नचित्त होकर अपने घर लौटे।